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Saturday, September 13, 2008

फिर दहली दिल वालो की नगरी दिल्ली।

राजधानी दिल्ली में आज शाम पांच स्थानों पर हुए श्रृंखलाबद्ध विस्फोटों में कम से कम 18 लोग मारे गए, तथा 90 से अधिक लोग घायल हो गये। रीगल, सेंट्रल पार्क और इंडिया गेट के पास जिंदा बम नाकाम किया गया हैं। कनॉट प्लेस, ग्रेटर कैलाश-1 और करौल बाग इलाकों में हुई इन विस्फोटों ने एक बार फिर से दिल्ली पुलिस की कलाई खोल दी।

एक बच्चे ने आतंकियों को देखने का दावा किया हैं। राहुल नाम के इस बच्चे ने पुलिस को जो विवरण दिया है, उसके अनुशार काले कुर्ता-पायजामा में थे। आतंकी धमाकों की जिम्मेदारी फिर से आतंकी संगठन इंडियन मुजाहिद्दीन ने ली है।

मैंने खबरनामा में अपने पिछले पोस्ट में लिखा था ," कुछ भी नही बदला हैं राजधानी दिल्ली में. आतंकियों का अगला निशाना बन सकती है दिल्ली." लेकिन लगातार मिल रही धमकियों के बावजूद न तो सुरक्षा व्यवस्था सुधारी गई, और न सतर्कता।

हमारे पुलिसया व्यवस्था की सबसे बरी खामी यह है की हम इंतज़ार करते है किसी बरी घटना के होने का। आतंकी मंसूबों के बारे में आईबी ने दिल्ली पुलिस को आगाह किया था। अगर दिल्ली पुलिस ने समय रहते एक्शन ली होती, तो आतंकी अपने मंसूबों में कामयाब न होते। हमेशा की तरह विस्फोटों के तुरंत बाद राजधानी में तथा आसपास के क्षेत्र में सतर्कता बढाने के साथ ही रेड अलर्ट घोषित कर दिया गया है।

एक अच्छी बात जो इन सिलसिलेवार बम धमाकों के बीच निकल कर आ रही है की, घायलों को शीघ्र अस्पताल पहुँचाने में जनता बढ़ चढ़ कर आगे आ रही है।


DELHI POLICE HELPLINE NO.- 011 23490312


 

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